हाँ नींद हमें भी आती है !
हम दुःख-दारिद्र्य की भट्ठी में जल कर भी खुश रह लेते हैं
हम मात-पिता का साया उठ जाने पर भी जी लेते हैं
हमने भी सपने पाले हैं, खुशियाँ हमको भी मिलती हैं
हाँ नींद हमें भी आती है !
हमको देखो तब समझोगे की प्यार का मतलब क्या होता
हमको देखो तब समझोगे संघर्ष का मतलब क्या होता
हमको देखो तब समझोगे कैसे जिन्दगी पनपती है
हाँ नींद हमें भी आती है
......................Kishore Nigam/ 14-11-2011














